स्पेस एक्सपो के उद्घाटन भाषण में इन्स्पेस के चेयरमैन पवन गोयनका ने कहा कि इसरो (ISRO) के कर्मचारियों को अपने भविष्य को लेकर चिंता करने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि जो भी लोग यह सोचते हैं कि इन सब में ISRO की भूमिका कम हो जाएगी, उन्हें फिर से सोचना चाहिए।
पवन गोयनका ने आगे कहा, "चंद्रयान सीरीज, गगनयान, भारतीय स्पेस स्टेशन, चांद पर भारतीय का जाना, शुक्र और मंगल मिशन, दोबारा इस्तेमाल होने वाला भारी पेलोड ले जाने वाला व्हीकल, Navic को मजबूत करना और SPS सीरीज के सैटेलाइट्स- मुझे नहीं लगता कि ISRO के पास कभी इतना सारा काम एक साथ रहा है। ISRO ही इन सबके लिए रीढ़ की हड्डी और मजबूत आधार बना हुआ है। लेकिन हममें से हर किसी की अपनी भूमिका है। पूरी व्यवस्था तभी आगे बढ़ती है, जब हम सब मिलकर काम करते हैं। चीजें अपनी जगह पर आ रही हैं। कुछ पहले ही बन चुकी हैं। कुछ अभी आकार ले रही हैं। और हमारे सामने बहुत बड़ा मौका है।"




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