सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस विक्रम नाथ ने शनिवार को मजाकिया लहजे में कहा कि वह आवारा कुत्तों के आभारी हैं, जिन्होंने उन्हें न केवल देश में बल्कि विश्व भर में पूरे नागरिक समाज से परिचित कराया है.
जस्टिस नाथ शनिवार को केरल के तिरुवनंतपुरम में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण और केरल राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आयोजित 'मानव-वन्यजीव संघर्ष और सह-अस्तित्व: विधिक एवं नीतिगत परिप्रेक्ष्य' विषय पर क्षेत्रीय सम्मेलन में बोल रहे थे.
22 अगस्त को, जस्टिस नाथ की अध्यक्षता वाली तीन-जजों की पीठ ने जस्टिस जेबी पारदीवाला की अध्यक्षता वाली दो-जजों की पीठ द्वारा पारित एक पूर्व आदेश में संशोधन किया था. आवारा कुत्तों के मुद्दे पर दो-जजों की पीठ के आदेश की समाज के कई वर्गों ने आलोचना की थी और पशु अधिकार कार्यकर्ताओं तथा आवारा कुत्तों के प्रेमियों ने इस आदेश को कठोर बताया था.